तस्वीर

तुम ना बन सकी पर तुम्हारी यादें मेरी जागीर बनेगी
तुम ना बन सकी अब कोई और मेरी तक़दीर बनेंगी
जिस दिल से तुमने जीभर खेला मन भरने पे तोड़ दिया,
ताउम्र मेरे उसी दिल में तुम और तुम्हारी तस्वीर रहेंगी


✍️ सन्दीप शाश्वत


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